गुरुद्वारे में किसानों ने बीजेपी नेताओं को मारे धक्के, नहीं टेकने दिया मत्था, 25 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज

गुरुद्वारे में किसानों ने बीजेपी नेताओं को मारे धक्के, नहीं टेकने दिया मत्था, 25 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज

गुरुद्वारे में किसानों ने बीजेपी नेताओं को मारे धक्के, नहीं टेकने दिया मत्था,  25 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज

सिरसा। ऐलनाबाद के मुख्य बाजार में स्थित गुरुद्वारे में भाजपा प्रत्याशी व उनके समर्थकों के साथ धक्का मुक्की के मामले में पुलिस ने केस दर्ज किया है।  ऐलनाबाद थाना पुलिस ने भाजपा के ऐलनाबाद मंडल के अध्यक्ष जसवीर सिंह चहल की शिकायत पर प्रदर्शनकारियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। गौरतलब है कि किसान लगातार भाजपा जजपा का विरोध कर रहे हैं और अब ऐलनाबाद उपचुनाव की जब से घोषणा हुई है तब से भाजपा जजपा का विरोध बढ़ गया है। नामांकन से लेकर प्रचार तक इनका विरोध जारी है।  

बीते दिन कुछ भाजपा कार्यकर्ता बीजेपी प्रत्याशी गोविंद कांड के साथ गुरुद्वारे में माथा टेकने गए।  जहां पर किसानों ने भाजपा नेता जसबीर चहल को धक्के मार कर निकाल दिया। इसके बाद उन्होंने ऐलनाबाद थाने में शिकायत दी और वीडियो के आधार पर 5 नामजद व 20 अन्य लोगों पर मुकदमा दर्ज कर दिया गया है। पुलिस को दी शिकायत में जसवीर सिंह चहल ने बताया कि वह बीते दिवस अमीर चंद मेहता, अंजनी लड्ढ़ा व भाजपा प्रत्याशी गोविंद कांडा के साथ मेन बाजार में गुरुद्वारा सिंह साहब में माथा टेकने के लिए गए थे।

वहां कुछ किसान उनका विरोध करने पहुंचे और उन लोगों को धक्के मार कर गुरुद्वारे से निकल दिया और गालियां भी दी गयी। उन्होंने बताया कि उनमें से नरेंद्र निवासी मौजू ढाणी, राणा निवासी ठोबरिया, सोनू बराड़ निवासी तलवाड़ा खुर्द, गुरमीत व निर्मल सिंह निवासी मिर्जापुर तथा 15-20 युवकों ने उनके साथ बराबर चलकर धक्का मुक्की मारकर उनका रास्ता रोक लिया। उनके साथ गाली गलौच की।  उनकी शिकायत पर वीडियोग्राफी के आधार पर मुकदमा दर्ज कर दिया गया है।  उपनिरीक्षक जगदीश राज मामले की जांच कर रहे हैं। 

वहीँ ऐलनाबाद उपचुनाव में भाजपा, जेजेपी तथा हलोपा नेताओं के किसानों द्वारा विरोध के तरीके से संयुक्त किसान मोर्चा खफा है। मोर्चे के दो बड़े नेताओं ने कहा कि हिंसा गलत है। किसी का कार्यालय न खुलने देना, गुरुद्वारा से उसे धक्के मारकर बाहर निकालना यह सरासर गलत है। भारतीय किसान यूनियन (चढूनी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी ने तो अपने ग्रुप की बैठक बुलाकर हिदायतें जारी करने की बात कही है।

वहीं बलवीर सिंह राजेवाल ने दो टूक कहा कि चुनाव से संयुक्त किसान मोर्चे का कोई वास्ता नहीं है। वे आंदोलन में लगे हुए है। उन्‍होंने कहा आंदोलन उग्र हुआ तो हम हार जाएंगे। कोई भी आंदोलन हिंसा के कारण खत्‍म हो जाता है। यह मुझे अच्छा नहीं लगता कि किसी का दफ्तर न खुलने देना, किसी को धक्के मारना। इससे गलत संदेश जा रहा है। सबको कहेंगे कि जो विरोध करने का तरीका होता है, उस तरीके से करें। मतलब वोट न डालना। 

ऐलनाबाद के गुरुद्वारे में भाजपा नेताओं के साथ धक्का-मुक्की को लेकर रविवार शाम गुरद्वारा सिंह सभा प्रबंधक कमेटी ने एक प्रेस कान्फ्रेंस की, जिसमें कमेटी ने इस घटना की कड़ी निंदा की और शोक व्यक्त किया। घटना की निंदा करते हुए गुरद्वारा सिंह सभा प्रबंधक कमेटी ने लोगों से माफी मांगी और लोगों से अपील करते हुए कहा कि यह चुनाव मात्र दो दिन के हैं, लेकिन चुनाव के दौरान हमारा भाईचारा नहीं बिगड़ना चाहिए। गुरुघर सभी के लिए हैं, इसमें किसी भी जाति किसी भी धर्म के लोग आ सकते हैं। उनको यहां पर आदर ही मिलेगा।

गौरतलब है कि शनिवार को किसानों ने बीजेपी और जेजेपी नेताओं का विरोध किया था।  बताया जा रहा है कि ऐलनाबाद उपचुनाव में बीजेपी-जेजेपी के संयुक्त उम्मीदवार गोविंद कांडा और बीजेपी नेता गुरुद्वारा में पहुंचे थे, लेकिन किसानों ने उनका जमकर विरोध किया।  इस घटना का एक वीडियो भी वायरल हो रहा है।  जिसमें दावा किया जा रहा है कि गोविंद कांडा और बीजेपी नेता को किसानों ने धक्का देकर गुरुद्वारा से बाहर निकाला था।